अध्याय 4: लसवि और मसवि (L.C.M. & H.C.F.) – विस्तृत मार्गदर्शिका
“संख्याओं के विभाजन और मिलन के आधारभूत नियमों का संपूर्ण ज्ञान”
गणित की गणनाओं को सटीक और सरल बनाने के लिए लसवि (L.C.M.) और मसवि (H.C.F.) का ज्ञान होना नींव की ईंट की तरह है। प्रतियोगी परीक्षाओं में चाहे वह सरलीकरण (Simplification) हो, समय और कार्य (Time & Work) हो, या भिन्नों का जोड़-घटाव, इन दोनों के बिना आगे बढ़ना लगभग असंभव है। इस लेख में हम लसवि और मसवि को शून्य से शिखर तक (Basic to Advance) विस्तार से समझेंगे।
भाग 1: मसवि (म.स.प.) – महत्तम समापवर्तक
मसवि (Highest Common Factor – H.C.F.): वह बड़ी से बड़ी संख्या जो दी गई दो या दो से अधिक संख्याओं को बिना किसी शेषफल के पूरा-पूरा विभाजित कर दे, उसे उन संख्याओं का ‘महत्तम समापवर्तक’ कहते हैं।
मसवि निकालने की प्रमुख विधियाँ:
1. गुणनखंड विधि (Factor Method): इसमें हम दी गई संख्याओं के सभी विभाजक लिखते हैं और उनमें से सबसे बड़े सामान्य अंक को चुनते हैं।
उदाहरण: 18 और 24 का मसवि निकालें।
18 के विभाजक: 1, 2, 3, 6, 9, 18
24 के विभाजक: 1, 2, 3, 4, 6, 8, 12, 24
दोनों सूचियों में ‘6’ वह सबसे बड़ा अंक है जो दोनों को काट रहा है। अतः मसवि = 6.
2. अभाज्य गुणनखंड विधि (Prime Factorization): संख्याओं को अभाज्य अंकों (2, 3, 5, 7…) के गुणा के रूप में लिखें और केवल सामान्य (Common) अंकों की सबसे छोटी घात को चुनें।
उदाहरण: 36 और 48 का मसवि।
36 = 2² × 3²
48 = 2⁴ × 3¹
न्यूनतम घात: 2² × 3¹ = 4 × 3 = 12. अतः मसवि = 12.
3. भाग विधि (Division Method): यह विधि बड़ी संख्याओं के लिए सबसे तेज काम करती है। छोटी संख्या से बड़ी को भाग दें, फिर जो शेषफल आए उससे पुराने भाजक को भाग दें। यह प्रक्रिया तब तक करें जब तक शेषफल 0 न आ जाए। अंतिम भाजक ही मसवि होगा।
भाग 2: लसवि (ल.स.प.) – लघुत्तम समापवर्त्य
लसवि (Least Common Multiple – L.C.M.): वह छोटी से छोटी संख्या जो दी गई सभी संख्याओं से पूरी तरह विभाजित (कटी) हो जाए, उसे ‘लघुत्तम समापवर्त्य’ कहते हैं। मसवि संख्या को काटता है, जबकि लसवि संख्याओं से खुद कटता है।
लसवि निकालने की विधियाँ:
1. साझा भाग विधि (Common Division Method): सभी संख्याओं को एक कतार में लिखकर अभाज्य संख्याओं से भाग देना शुरू करें जब तक कि अंत में सभी के नीचे ‘1’ न बच जाए।
उदाहरण: 10, 15, 20 का लसवि।
10, 15, 20 को 2 से भाग दें -> 5, 15, 10
फिर 2 से भाग दें -> 5, 15, 5
फिर 3 से भाग दें -> 5, 5, 5
फिर 5 से भाग दें -> 1, 1, 1
लसवि = 2 × 2 × 3 × 5 = 60.
2. अभाज्य गुणनखंड विधि: सभी संख्याओं को अभाज्य टुकड़ों में तोड़ें और प्रत्येक अभाज्य अंक की ‘अधिकतम’ घात का गुणा करें।
उदाहरण: 12, 16 का लसवि।
12 = 2² × 3¹
16 = 2⁴
अधिकतम घातें: 2⁴ × 3¹ = 16 × 3 = 48.
भाग 3: लसवि और मसवि के जादुई सूत्र
परीक्षा में समय बचाने के लिए ये सूत्र रामबाण हैं:
विशेष स्थितियों के लिए सूत्र:
- भिन्नों (Fractions) का लसवि: (अंशों का लसवि) / (हरों का मसवि)
- भिन्नों (Fractions) का मसवि: (अंशों का मसवि) / (हरों का लसवि)
- दशमलव का लसवि/मसवि: पहले दशमलव हटाकर उन्हें पूर्ण संख्या बनाएं (जैसे 1.2 को 12), फिर उत्तर आने पर वापस उतने ही स्थान पर दशमलव लगा दें।
भाग 4: प्रतियोगी परीक्षाओं के चुनिंदा हल प्रश्न
प्रश्न 1: दो संख्याओं का मसवि 11 है और उनका लसवि 693 है। यदि पहली संख्या 77 है, तो दूसरी क्या होगी?
समाधान: दूसरी संख्या = (लसवि × मसवि) / पहली संख्या
= (693 × 11) / 77
= 693 / 7 = 99.
उत्तर: 99
प्रश्न 2: वह छोटी से छोटी संख्या ज्ञात करें जिसे 12, 15, 20 और 54 से भाग देने पर प्रत्येक दशा में 4 शेष बचे?
समाधान:
Step 1: 12, 15, 20 और 54 का लसवि निकालें। लसवि = 540.
Step 2: चूंकि 4 शेष बचाना है, तो संख्या = 540 + 4 = 544.
उत्तर: 544
प्रश्न 3: चार घंटियाँ क्रमशः 6, 8, 12 और 18 सेकंड के अंतराल पर बजती हैं। यदि वे एक साथ बजना शुरू करें, तो 1 घंटे में वे कितनी बार एक साथ बजेंगी?
समाधान:
Step 1: 6, 8, 12 और 18 का लसवि = 72 सेकंड। (वे हर 72 सेकंड में साथ बजती हैं)
Step 2: 1 घंटा = 3600 सेकंड।
Step 3: साथ बजने की संख्या = (3600 / 72) + 1 (शुरुआती समय के लिए)
= 50 + 1 = 51 बार।
उत्तर: 51
भाग 5: महत्वपूर्ण टिप्स और ट्रिक्स (Quick Notes)
- पहचान की ट्रिक: यदि प्रश्न में “बड़ी से बड़ी” या “अधिकतम लंबाई” पूछा जाए, तो 99% मामलों में मसवि निकालना होता है।
- न्यूनतम समय की ट्रिक: यदि “छोटी से छोटी” या “न्यूनतम समय/दूरी” या “पुनः एक साथ मिलना” पूछा जाए, तो लसवि निकालें।
- सह-अभाज्य (Co-prime): ऐसी संख्याएँ जिनमें कुछ भी कॉमन न हो (जैसे 5 और 7), उनका मसवि हमेशा 1 होता है।
- लसवि की जांच: लसवि हमेशा दी गई संख्याओं में सबसे बड़ी संख्या के बराबर या उससे बड़ा ही होगा।
- मसवि की जांच: मसवि हमेशा दी गई संख्याओं में सबसे छोटी संख्या के बराबर या उससे छोटा ही होगा।
स्वयं अभ्यास हेतु प्रश्न (Practice Set)
- दो संख्याओं का अनुपात 3:4 है और उनका मसवि 4 है। उनका लसवि क्या होगा? (संकेत: संख्याएं 12 और 16 होंगी)।
- वह बड़ी से बड़ी संख्या क्या है जिससे 1657 और 2037 को भाग देने पर क्रमशः 6 और 5 शेष बचे?
- 0.6, 1.8 और 0.36 का लसवि ज्ञात करें।
- दो संख्याओं का योग 216 है और उनका मसवि 27 है। ऐसी संख्याओं के कितने जोड़े (Pairs) संभव हैं?
— यहाँ लसवि और मसवि का संपूर्ण अध्याय समाप्त होता है। निरंतर अभ्यास ही गणित पर विजय प्राप्त करने की कुंजी है! —